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श्रावण मास का शुभारंभ होते ही सड़कों पर रेंगने लगा भगवा वस्त्र धारी कॉवरियों से भरा वाहन

श्रावण मास का शुभारंभ होते ही सड़कों पर रेंगने लगा भगवा वस्त्र धारी कॉवरियों से भरा वाहन

जमुई / सोनो संवाददाता चंद्रदेव बरनवाल की रिपोर्ट 

झारखंड प्रदेश के देवघर स्थित बाबा वैद्यनाथ की पुरे एक मास तक चलने वाला श्रावणी मेला सावन माह की प्रारंभ के साथ ही शुभारंभ हो गया है ।

अजगेबीनाथ सुल्तानगंज गंगा घाट से जल भरकर तकरीबन 110 कीलो मिटर दुर पैदल चलते हुए देवघर में विराजमान भगवान शिव एवं बासुकीनाथ धाम में विराजमान त्रिशुल धारी भगवान भोलेनाथ को जल अर्पित करते हैं ।

श्रावण मास की पहली सोमवारी को झारखंड , पश्चिम बंगाल एवं उड़ीसा आदी राज्यों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु भक्त सुल्तानगंज गंगा घाट से जल भरने के लिए अपने अपने छोटी बड़ी वाहनों पर सवार होकर जमुई जिले के चकाई सोनो झाझा के रास्ते सुल्तानगंज के लिए निकल पड़े ।

इस दौरान भगवा धारी कॉवरियों से भरा वाहनों से निकलने वाली भगवान शिव की भक्ति गीतों से वातावरण भक्तिमय ओर मधुर बनना शुभारंभ हो गया है । बताया जाता है कि श्रावणी मेला के दौरान प्रतिदिन लाखों श्रद्धालु भगवान शिव को जल अर्पित करने के लिए इस राहों से गुजरती है ।

इस राहों में खासकर जमुई जिले के बटिया जंगल की घाटी काफी ऊंच नीच और चढ़ाई नुमा तथा टेढ़ी मेढ़ी सड़क होने के कारण कॉवरियों से भरा वाहन कभी भी दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है ।

क्योंकि उन्हें इस जंगल की राहों की सटीक जानकारी नहीं रहता है और तेज रफ्तार में अपने वाहन को ले जाते हैं और दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं । लेकिन प्रशासन की ओर से कॉवरियों की सुरक्षा के लिए अब तक किसी भी प्रकार का कोई सुविधा उपलब्ध नहीं कराया गया है ।

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